Pakistani Urdu Shayari Hindi Me

पाकिस्तानी उर्दू शायरी हिन्दी मे | Pakistani Urdu Shayari Hindi Me

Dosto aaj ki is post me hamne aapko kuch behtreen Pakistani urdu shayari hamari apni zuban Hindi me pesh ki hai, hame yeh ummid hai ki aapko yeh post zarur pasand aaygi.

is post me sirf or sirf Urdu Shayari likhi hai jise aap apne dosto ke sath share kar ke unhe special feel karwa sakte hai. dosto is video me hamne kisi special category ke upar shayari nahi likhi hai balki mix me hi hamne sabhi category publish ki hai.

agar aap urdu zuban ki shayari hindi me padhna chahte ho to aap hame is post ke niche comment kar ke zarur batana.

urdu shayari in hindi 2 lines | urdu shayari in hindi love | best urdu shayari | पाकिस्तानी उर्दू शायरी | urdu shayari on life | best urdu shayari in hindi | best urdu poets | urdu poetry in hindi | urdu shayari | 


पाकिस्तानी उर्दू शायरी हिन्दी मे । Pakistani Urdu Shayari Hindi Me

पाकिस्तानी उर्दू शायरी हिन्दी मे

ज़हन का कमरा जाला जाला हो चूका है,
हर पल मनो ज़हर का प्याला हो चूका है,
बचपन की बस इक दो यादे आती है,
बाकी सब कुछ काला काला हो चूका है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

यह ख़ताकार है है और रेहम के साये है तेरे,
तूने दुनिया से छुपाया है गुनाहो के मेरे॥

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

कौन बदन से आगे देखे औरत को,
सब की आँखे गिरवी है इस नगरी में।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

वो रुखसत क्या हुए ज़िन्दगी से,
लगता है ज़िन्दगी रुखसत हो गई।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

हद से ज़्यादा हो जाये मोहब्बत,
तो सिर्फ दूरियां ही मिलती है,
इब्तिदा ए इश्क़ करना है आसान,
ताउम्र तो आखिर मज़बूरी ही मिलती है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

urdu shayari in hindi 2 lines

Pakistani Urdu Shayari Hindi Me

यह ज़िन्दगी कोशिश का नाम है,
जियो तो ख़ास है, नहीं तो आम है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

कब्र ए तन्हाई में आपका दीदार चाहती मैं,
उम्मीद देखिये सर्दी में बहार चाहती हूँ मैं,
अंदाज़ ए तहज्जुल उम्र भर मंजूर है आपका,
मोहब्बत देखिये, शबनम नहीं अंगार चाहती हूँ मैं।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

इस से पहले तो कोई कुछ भी बुला लेता था,
नाम सा नाम हुआ तुमने पुकारा जब से ।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

इसी खातिर में तनहा रह गया हूँ मैं,
मुलाकातों की अब फुर्सत नहीं।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

तेरे मिलने की आस आज भी ज़िंदा दिल है,
आसमान को छूने की फ़िराक़ आज भी ज़िंदा है मुझ में।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

वो फूंक रहा है जान मुझमे फिर से ज़रा ज़रा,
तुम कहना कहाँ है रुकना, कहा पे साँस लेनी है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

urdu shayari in hindi love

urdu shayari in hindi love

अगर मेरी माँ ना होती तो कौन मुझे यूँ चाहता,
कौन मुझे यूँ डांट लगता फिर प्यार से समझाता।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

की रोज़ रात सपनो में आती हो,
कभी दिन में भी आ जाया करो,
और बड़ी याद आती है तुम्हारी,
कभी मिलने भी आ जाया करो।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

चलो फिर से इस बार प्यार की शुरुआत करते है,
इस बार प्यार तुम करो, दिल तोड़ने हम आते है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

खुश तब भी थे जब तुम ज़िन्दगी में आये ही नहीं थे,
खुश आज भी है जब तुम मेरी ज़िन्दगी से चले गए।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

मेरा इश्क़ मेरा गुरुर है,
तभी तो वो मुझसे दूर है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

चाहा है तुझको इस कदर,
के अब आँखे खुली हो या बंद
तेरा ही चेहरा नज़र आता है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

best urdu shayari

best urdu shayari

कौन कहता है की वो पनघट सिर्फ तुम्हारा है,
हमने भी नमाज़ अदा की है गंगा में वुज़ू करके।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

सड़के छोड़ी करने की कवायद से थरथरा गए है शहर सारे,
धागे मन्नत के बंधे है जिन पर सिर्फ दरख़्त वो बेफिक्र है।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

टूट कर बिखर कर संभल जाउंगी,
लड़की हूँ साहेब, अपनों को खुश देख कर ही निखार जाउंगी।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

लोग हमारी खामोशियों को हमारा ईगो समझ बैठे,
मुझे फरक नहीं पड़ता की लोग क्या समझते है,
समझना तो उनकी समझ है यारो, बस इसी लिए,
हम खुद को औरो से समझते है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

वफ़ा का क़र्ज़ चढ़ गया, तो फिर तुम चूका न सकोगे,
याद नहीं हूँ, अच्छा है याद आया तो भुला न सकोगे।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

पाकिस्तानी उर्दू शायरी

पाकिस्तानी उर्दू शायरी

धीमी धीमी सी हवा चले, तुम्हारे कदमो की आहट आये,
तुम आके पूछो हाल मेरा, मेरे लबो पर मुस्कराहट आये।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

आज कल रोटियां काम खा रहा हूँ साहेब,
मोसाब बदल रहा है, कुछ गरम कपडे लाने है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

इस ख़ामोशी की कैद में इतने बरस रहा,
दस्तख सुनी तो रूह की चीखे निकल गई ।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

जिन्हे देख नज़रे ना हटे,
दिल से हटाना उसे मुमकिन कहाँ ।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

रहमत नेमत बरकत है, घर की बेटियां,
और में दहेज़ में तुझ को क्या दूँ।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

तू चाहे तो दिल के टुकड़े हज़ार कर लेना,
जब ज़माने से फुर्सत मिले, तो मुझे याद कर लेना।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

urdu shayari on life

urdu shayari on life

आखिर जो मोत कल आनी है, वह आज आये डरता कौन है,
देखना होगा की, अपनों की खातिर एहतियात बरतता कौन है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

आज दिल के कुछ आगाज़ करते है,
हर जाम मोहब्बत के नाम करते है,
मेरी हसरतो का क्या वो तो
हर शाम को मेरी महफ़िल सजाया करते है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

तनहा हु इस लिए भी के चाहेगा कौन ये !
मुझ सा उदास शख्स हो उस का नसीब मे !!

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

कुछ उसूल है मेरी भी ज़िन्दगी के,
जो मेरी माँ की कदर नहीं करते,
में भी उनकी कदर नहीं करता।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

मजबूर थे हम हालात के आगे,
वर्ना हम पर तेरे हम हमेशा मुस्कान चाहते थे।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

हम वो दरख़्त है के जो बागों के बीचो बिच,
हर मौसम ऐ बहार मैं सूखे रह गए है ।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

urdu shayari on life

urdu shayari on life

आसमान के तारो को अपनी चमक के कुछ ज़्यादा ही गुरुर है,
कोई ख़बर करो मेरा चाँद मेरे घर से 2 गली ही दूर है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

सोचता हूँ एक लफ्ज़ में ज़िन्दगी के सरे उसूल लिख दूँ,
एक किताब लिखूं और हर पन्ने में रसूल रसूल लिख दूँ।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

गुमान था उसे की करुँगी मिन्नतें में उसे रोकने के खातिर,
मगर कह कर खुदा हाफिज मेने उस शख्स को हैरत में डाल दिया।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

इश्क को ज़ुबान की ज़रूरत ही कहाँ है,
इसका तो अपना एक अलग जहाँ है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

बोलती ऐसे है की जैसे फूलो सा वो झड़ती है,
जिस से में इश्क़ करता हूँ वो उर्दू भी समझती है।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

दोपहर में बिक गया बाजार में एक एक झूठ,
शाम तक हम अपनी सच्चाई लिए बैठे रहे।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

कभी यूँही बेमतलब साथ दिया करो,
मसरूफ हो मगर इश्क़ किया करो।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

आसमान सी उम्मीद देकर, ख्वाबो का ज़मीं हो जाना,
अच्छा नहीं होता अरमानो का यूँही टूट कर बिखर जाना ।।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

best urdu shayari in hindi

best urdu shayari in hindi

हर एक कतरे में आग लगा के संभाल ना सकोगे,
वो सैलाब हो जाऊंगा,
तुम देखना ज़रूर एक दिन जानिब, एक दिन में एक तरफ़ा सैलाब हो जाऊंगा।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

क्या खूब होगा इश्क़ का यह मोजज़ा भी,
की मेरा तेरी याद में मर जाना।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

मैं कब तलक तुझे माफ़ करता रहु,
इश्क़ में तेरे यूँही ख्वाब बुनता रहु,
कैसे तुझे खुद से ही दूर करता रहूं,
क्या मैं तुझे ही प्यार करता रहूं।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

best urdu poets

तय तो कर लेंगे सफर, हम तनहा भी मगर,
ए ज़िन्दगी तू भी साथ होती तो क्या ही बात होती,
जो रोशन इन दिलो की आग होती,
हो कितनी भी अँधेरी, फिर वो रात ही क्या रात होती।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

जहाँ से शुरू हुआ, वहीँ ख़तम होना चाहिए था,
मोहब्बत था थोड़ा ज़ख़्म होना चाहिए था।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

इस बार मेरे हाथ को तसल्ली से थामो,
हर बार बिछड़ जाने का इमकान नहीं होता।

⋆⋅⋆⋄✧⋄⋆⋅⋆

जुस्तुजू जिसकी की थी उसको तो ना पाया हमने,
इस बहाने से देख ली दुनिया हमने।

Read Also :